लंबित आवेदनों की तिथिवार रिपोर्ट मांगी, कार्यालयों में साफ-सफाई व रिकॉर्ड व्यवस्था सुधारने के निर्देश

शामली। अजीत कुमार श्रीवास्तव,ब्यूरो चीफ़
जिलाधिकारी आलोक यादव ने बुधवार को ट्रांजिट हॉस्टल बनत में संचालित विभिन्न सरकारी कार्यालयों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्यालय परियोजना अधिकारी डूडा, जिला प्रोबेशन अधिकारी, सहायक श्रमायुक्त एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी कार्यालय में अभिलेखों के रखरखाव, जनकल्याणकारी योजनाओं के संचालन और शिकायत निस्तारण की स्थिति की समीक्षा की।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लाभार्थियों को विभागीय योजनाओं का लाभ समयबद्ध ढंग से उपलब्ध कराया जाए तथा कार्यालयों में साफ-सफाई और व्यवस्थाएं बेहतर रखी जाएं।
प्रधानमंत्री आवास योजना में लंबित मामलों पर सख्त हुए डीएम

निरीक्षण की शुरुआत कार्यालय परियोजना अधिकारी डूडा से हुई, जहां जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत लंबित आवेदनों की स्थिति की समीक्षा की।
समीक्षा में नगर पंचायत गढ़ीपुख्ता में सबसे अधिक आवेदन जांच स्तर पर लंबित पाए गए। इस पर डीएम ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक लाभार्थी की जांच और प्रेषण स्थिति की तिथिवार रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिस स्तर पर लापरवाही मिलेगी, वहां जिम्मेदारी तय की जाएगी।
इस दौरान जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री आवास योजना से संबंधित एक शिकायत का ऑनलाइन स्टेटस भी स्वयं चेक किया। साथ ही परियोजना अधिकारी डूडा कार्यालय को कलेक्ट्रेट अथवा विकास भवन में शिफ्ट कराने के निर्देश भी दिए।
कन्या सुमंगला योजना लाभार्थियों के सत्यापन के निर्देश

जिला प्रोबेशन अधिकारी कार्यालय के निरीक्षण में डीएम ने मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना कोविड-19, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (सामान्य) तथा निराश्रित महिला पेंशन योजना की प्रगति की जानकारी ली।
अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत अब तक 18,915 लाभार्थियों को लाभ दिया जा चुका है। वहीं मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना कोविड-19 में 116, सामान्य योजना में 654 तथा निराश्रित महिला पेंशन योजना में 25,403 लाभार्थी लाभान्वित हो रहे हैं।
जिलाधिकारी ने कन्या सुमंगला योजना के लाभार्थियों का पुनः सत्यापन कराने के निर्देश दिए। साथ ही आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की वास्तविक स्थिति भी जांची।
वन स्टॉप सेंटर और बाल कल्याण समिति का भी किया निरीक्षण
निरीक्षण के दौरान डीएम ने न्यायपीठ बाल कल्याण समिति कक्ष का निरीक्षण कर समिति के कार्यों की जानकारी प्राप्त की। इसके अलावा वन स्टॉप सेंटर पहुंचकर पीड़ित महिलाओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की समीक्षा की।
उन्होंने प्रशासनिक कक्ष, महिला पुलिस चौकी, अल्पावास एवं चिकित्सा सुविधाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान स्टाफ नर्स से दवाइयों की उपलब्धता और स्वास्थ्य जांच संबंधी व्यवस्थाओं की जानकारी भी ली।
श्रम विभाग को योजनाओं के प्रचार-प्रसार के निर्देश
सहायक श्रमायुक्त कार्यालय के निरीक्षण में जिलाधिकारी ने विभागीय योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विभागीय योजनाओं के होर्डिंग कार्यालय, कलेक्ट्रेट, विकास भवन और सभी तहसील स्तर पर लगाए जाएं, ताकि आमजन को योजनाओं की जानकारी मिल सके।
डीएम ने कार्यालय में साफ-सफाई व्यवस्था दुरुस्त रखने और अलमारियों पर पेंट कराने के भी निर्देश दिए। साथ ही विभागीय शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा।
एनआरसी में भर्ती बच्चों की स्थिति जानी
जिला कार्यक्रम अधिकारी कार्यालय के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने विभागीय योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने जिला अस्पताल स्थित एनआरसी (Nutrition Rehabilitation Center) में भर्ती बच्चों की जानकारी लेते हुए व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में एनआरसी में दो बच्चे भर्ती हैं।
डीएम और डिप्टी कलेक्टर ने किया वृक्षारोपण
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी आलोक यादव एवं डिप्टी कलेक्टर हामिद हुसैन ने ट्रांजिट हॉस्टल परिसर में वृक्षारोपण भी किया।
इस मौके पर सभी संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
Author: AJEET SHRIWASTAVA
District Bureau Chief - Shamli Uttar Pradesh






